- विद्युत द्विध्रुव आधुर्ण से आप क्या समझाते है?
उत्तर किसी विद्युत द्विध्रुव के धनात्मक और ऋणात्मक आवेश के बीच की दूरी और आवेशों के परिमाण के गुणनफल को विद्युत द्विध्रुव आघूर्ण कहते हैं. इसे \(p\) से दर्शाया जाता है. यह एक सदिश राशि है.
2. वैद्युत क्षेत्र की तीव्रता क्या है एवं मात्रक बताइये?
उत्तर विद्युत् क्षेत्र के किसी बिन्दु पर रखा एकांक धनावेश जितने बल का अनुभव करता है, उसे उस बिन्दु पर विद्युत् क्षेत्र की तीव्रता कहते हैं। इसका SI मात्रक न्यूटन/कूलाम है।
3. एक समान तीव्रता वाले वैद्युत क्षेत्र वैद्युत द्विध्रुव के बलयुग्म के आधुर्ण का सूत्र प्राप्त कीजिए?

4. विद्युत द्विध्रुव के अक्ष के किसी बिन्दू पर वैद्युत क्षेत्र का सूत्र ज्ञात कीजिए।
5. वैद्युत फ्लक्स से आप क्या समझते है? इसके आवश्यक सूत्र देते हुये समझाइये?
उत्तर .

6. वैद्युत स्थैतिकी में गौस के प्रमेय का उल्लेख कीजिए ? इसकी सहायता से अनन्त विस्तार की समतल आवेशीत प्लेट की निकट वैद्युत क्षेत्र की तीव्रता ज्ञात कीजिये?
7.संधारित्र में परावैद्युत पदार्थ के उपयोग से धारिता क्यों बढ़ जाती है।
उत्तर संधारित्रों की प्लेटों के बीच परावैद्युत भरने से इसके अन्दर प्लेटों के बीच उपस्थित वैद्युत-क्षेत्र के विपरीत दिशा में एक आन्तरिक वैद्युत-क्षेत्र उत्पन्न हो जाता है, जो इसकी सतह पर प्लेटों के विपरीत आवेश के प्रेरित होने से उत्पन्न होता है। अतः प्लेटों के बीच विभवान्तर घट जाता है, जिसके परिणामस्वरूप धारिता बढ़ जाती है।
OR
संधारित्र में परावैद्युत पदार्थ भरने से धारिता बढ़ती है क्योंकि इससे विद्युत क्षेत्र कम हो जाता है. विद्युत क्षेत्र कम होने से प्लेटों के बीच विभवांतर भी कम हो जाता है और इस वजह से धारिता बढ़ जाती है
8. वैद्युत विभय की परिभाषा तथा इसकी विमा कीजिए।
उत्तर किसी बिन्दु पर स्थित एकांक आवेश को अनंत से उस बिन्दु तक लाने में जितना कार्य करना पड़ता है, उसे उस बिन्दु का विद्युत विभव कहते हैं. विद्युत विभव को वोल्ट (V) में मापा जाता है. इसकी विमा [ML2T-3A-1] होती है
9. किसी वैद्युत द्विध्रुव की अक्ष ( अनुदैर्ध्य) पर स्थित किसी बिन्दु पर वैद्युत विभव का सूत्र स्थापित कीजिए।

10. समानार प्लाट संधारित की धारिता के लिये व्यंजक का निगमन कीजिए।

11. अनओमिय परिपथ से आप क्या समझते है?
उत्तर अन-ओमीय परिपथ, वह परिपथ होता है जिसमें प्रतिरोध ओम के नियम का पालन नहीं करता. यानी, इसमें वोल्टता और धारा के बीच सीधा अनुपात नहीं होता. अन-ओमीय परिपथ में वोल्टता और धारा के बीच का ग्राफ़ वक्र के रूप में होता है
12. मुक्त इलेक्ट्रानों के अनुगमन वेग से आप क्या समझते है?
उत्तर किसी चालक में मौजूद मुक्त इलेक्ट्रॉन, विद्युत क्षेत्र के प्रभाव में जिस औसत वेग से गति करते हैं, उसे अनुगमन वेग हैं. यह वेग, इलेक्ट्रॉनों की अनियमित गति पर आरोपित होता है
- अनुगमन वेग का मान करीब 10−4 मीटर/सेकंड होता है.
- विद्युत धारा का मान, अनुगमन वेग के समानुपाती होता है.
- अनुगमन वेग, मुक्त इलेक्ट्रॉनों के अपवाह वेग के बराबर होता है.
- मुक्त इलेक्ट्रॉन, किसी आयन, परमाणु, या अणु से जुड़े नहीं होते.
- विद्युत क्षेत्र या चुंबकीय क्षेत्र के प्रभाव में मुक्त इलेक्ट्रॉन घूमने के लिए स्वतंत्र होते हैं.
13. किसी चालक में प्रवाहित धारा तथा इसमें मुक्त इलेक्ट्रॉनों के अनुगमन वेग में सम्बन्ध स्थापित कीजिए

14. किरचॉफ का नियम (दोनों) लिखिए।

15. व्हीटस्टोन सेतु का सिद्धान्त क्या है? परिपथ आरेख बनाकर समझाइए?
उत्तर व्हीटस्टोन सेतु का सिध्दांत:- श्रेणीक्रम में जुड़े चार प्रतिरोधों में से किन्ही दो संलग्न (एक दूसरे से जुड़े हुए) भुजाओं का अनुपात अन्य दो भुजाओं के अनुपात के बराबर होता है।
इस चित्र में चतुर्भुज की आकृति में जुड़े चार प्रतिरोध P,Q,R,S हैं।इस चतुर्भुज के एक विकरण में एक धारामापी G जुड़ा होता है तथा दूसरे विकरण में एक सेल E जुड़ा होता है। इन प्रतिरोधों को इस प्रकार समायोजित किया जाता है कि सेल से धारा प्रवाहित करने पर भी धारामापी में कोई विच्छेप उत्पन्न नहीं होता है। इस अवस्था में सेतु को संतुलित कहा जाता है।
16. लम्बी परिनालिका के भीतरी अक्ष पर स्थित बिन्दु पर चुम्बकीय बल क्षेत्रका सुत्र लिखिए ।
उत्तर लम्बी धारावाही परिनालिका के भीतरचुम्बकीय बल – क्षेत्र B=μ0ni न्यूटन/(ऐम्पियर-मीटर)
जहाँ μ0 निर्वात की चुम्बकशीलता, n धारावाही परिनालिका की प्रति मीटरलम्बाई में फेरों की संख्या अर्थात
17. चुम्बकशीलता μ0 तथा विद्युतशीलता ε0 में सम्बन्ध स्थापित कीजिए |
उत्तर

18. बायो-सेवर्ट का नियम लिखिए।
उत्तर धारावाही चालक से उत्तपन्न चुम्बकीय क्षेत्र की तीव्रता चालक में प्रवाहित धारा I के अनुक्रमानुपाती होती है । चालक से बिंदु दूरी के वर्ग के व्युक्रमानुपाती होती है तथा धारा की दिशा व चालक खण्ड को बिंदु से मिलाने वाली रेखा के बीच बनने वाले कोण की ज्या के अनुक्रमानुपाती होती है ।
19. दो समान्तर धारावाही ऋजुरेखीय तारों के बीच लगने वाले बल के लिए सूत्र का निगमन कीजिए
20. एक समान चुम्बकीय क्षेत्र में एक धारावाही लूप लटकाया गया है। इस लूप पर लगने वाले इस बलयुग्म के आधुर्ण का सूत्र स्थापित दीजिए।


21. चुम्बकत्व का परमाण्वीय मॉडल क्या है?
उत्तर पदार्थ का प्रत्येक परमाणु एक नन्हा चुम्बक होता है तथा परमाणु में विद्यमान इलेक्ट्रानों के कक्षीय परिक्रमण तथा चक्रण के कारण परमाणु में चुम्बकीय आघूर्ण उत्पन्न होता है। इसी आधार पर विभिन्न पदार्थों के चुम्बकत्व की व्याख्या की जाती है।
22. लेन्ज का नियम लिखिए?

23. अन्योन्य प्रेरण गुणांक की परिभाषा एवं मात्रक लिखिए।
उत्तर दो कुंडलियों के बीच अन्योन्य प्रेरण गुणांक, दूसरी कुंडली से जुड़े चुंबकीय फ़्लक्स के बराबर होता है.
जब पहली कुंडली में एकांक मान की धारा प्रवाहित होती है, तो दूसरी कुंडली से जुड़े चुंबकीय फ़्लक्स को अन्योन्य प्रेरण गुणांक कहते हैं.
इसका मात्रक हेनरी (H) होता है.
24. स्वप्रेरण गुणांक की परिभाषा लिखिए?
उत्तर किसी कुण्डली का स्वप्रेरण गुणांक उस चुम्बकीय फ्लक्स के बराबर होता है जो उस कुण्डली में 1 एम्पियर की धारा प्रवाहित करने पर उत्पन्न होता है। अतः ” किसी कुण्डली का स्वप्रेरण गुणांक उस कुण्डली में उत्पन्न प्रेरित विद्युत वाहक बल के बराबर होती है जब धारा परिवर्तन की दर 1 एम्पियर प्रति सेकंड हो।
25. ट्रांसफार्मर का सचित्र वर्णन कीजिए।


26. LCR प्रत्यावर्ती धारा परिपथ मे प्रतिबाधा का सूत्र लिखिए।


27. विद्युत चुंबकीय तरंग क्या है?

28. क्रांतिक कोण से आप क्या समझते है?
उत्तर जब कोई प्रकाश किरण सघन माध्यम से विरल माध्यम में प्रवेश करती है तो आपतन कोण के उस मान को जिसके संगत अपवर्तन कोण का मान 90∘ होता है, क्रांतिक कोण कहलाता है। क्रांतिक कोण प्रकाश किरण के माध्यम पर निर्भर करता है।
29. अवतल गोलीय (अपवर्तक) पृष्ठ के लिए अपवर्तन सूत्र स्थापित कीजिए ।



30. किसी प्रिज्म के लिए, उसके पदार्थ के अपवर्तनांक का व्यंजक न्यूनतम विचलन की स्थिति में ज्ञात कीजिए।

